प्रधानमंत्री ने चेन्नई में 13,000 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का किया शुभारंभ
प्रधानमंत्री ने तमिलनाडु में बुनियादी ढांचे, परिवहन और विनिर्माण क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए 13,000 करोड़ रुपये की विभिन्न परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया।

प्रधानमंत्री ने चेन्नई में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान तमिलनाडु के लिए 13,000 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का शुभारंभ किया। इन परियोजनाओं के तहत कई पूर्ण हो चुके प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन किया गया और नई योजनाओं की आधारशिला रखी गई, जिसका उद्देश्य राज्य में दैनिक यात्रा को आसान बनाना, उद्योग और व्यापार को मजबूत करना तथा युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करना है।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने चेन्नई मेट्रो के एक नए स्ट्रेच को जनता को समर्पित किया। उन्होंने बताया कि बीते एक दशक में देश के मेट्रो नेटवर्क का व्यापक विस्तार हुआ है। वर्ष 2014 में जहां केवल पांच शहरों में मेट्रो सेवा उपलब्ध थी, वहीं अब यह संख्या बढ़कर 25 शहरों तक पहुंच गई है। मेट्रो नेटवर्क की लंबाई भी 2014 के लगभग 250 किलोमीटर से बढ़कर अब 1,100 किलोमीटर से अधिक हो गई है।
विनिर्माण क्षेत्र पर जोर देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार 'मेक इन इंडिया' और 'वोकल फॉर लोकल' जैसे अभियानों के माध्यम से तमिलनाडु में मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने जानकारी दी कि भारत अब दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा मोबाइल निर्माता बन गया है। 2014 से अब तक इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात में 11 गुना और डिफेंस एक्सपोर्ट में 50 गुना की वृद्धि हुई है। इसी कड़ी में एक 'एडवांस लुब्रिकेंट बेस ऑयल प्रोजेक्ट' का शिलान्यास भी किया गया, जिससे आयात कम होगा और नए रोजगार सृजित होंगे।
बंदरगाह बुनियादी ढांचे के विकास पर चर्चा करते हुए प्रधानमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार लगभग 17,000 करोड़ रुपये के निवेश से थूथुकुडी के VOC पोर्ट को एक वर्ल्ड-क्लास मेगा कंटेनर और ग्रीन एनर्जी हब के रूप में विकसित कर रही है। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से अल्ट्रा-लार्ज कंटेनर वेसल्स वहां पहुंच सकेंगे, जिससे तमिलनाडु वैश्विक उद्योग और परिवहन का केंद्र बनेगा।
समुद्री अर्थव्यवस्था और मछुआरों के कल्याण के लिए प्रधानमंत्री ने पीएम मत्स्य संपदा योजना और अन्य परियोजनाओं का उल्लेख किया। इसके तहत फिशिंग हार्बर्स के आधुनिकीकरण, फिशिंग लैंडिंग सेंटर्स के विकास, कोल्ड चेन सुविधाओं और ट्रांसपोर्ट वाहनों के लिए सहायता प्रदान की जा रही है। साथ ही, तमिलनाडु में 'सी-वीड पार्क' (Sea-weed Park) के विकास और किसान क्रेडिट कार्ड के माध्यम से मछुआरों को वर्किंग कैपिटल उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया है।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में उल्लेख किया कि उन्होंने अक्टूबर 2001 में मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी और तब से अब तक शासन के प्रमुख के रूप में उनके 25 वर्ष पूरे हुए हैं। उन्होंने सहकारी संघवाद (Cooperative Federalism) में अपने विश्वास को दोहराते हुए कहा कि राज्यों के विकास से ही देश का विकास संभव है।
