केंद्रीय राज्य मंत्री रक्षा खडसे ने कोलकाता में साई क्षेत्रीय केंद्र का दौरा किया, खेल विकास कार्यों की समीक्षा की
युवा कार्यक्रम और खेल राज्य मंत्री रक्षा खडसे ने कोलकाता स्थित भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) केंद्र का निरीक्षण कर खिलाड़ियों और कोचों से संवाद किया और बुनियादी ढांचे के विस्तार पर चर्चा की।

युवा कार्यक्रम और खेल राज्य मंत्री श्रीमती रक्षा खडसे ने कोलकाता के साल्ट लेक स्थित भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) के क्षेत्रीय केंद्र का दौरा किया। इस दौरे के दौरान उन्होंने खेल इंफ्रास्ट्रक्चर, एथलीटों के विकास से जुड़ी सुविधाओं और समर्थन प्रणाली का विस्तृत जायजा लिया।
श्रीमती रक्षा खडसे ने नेताजी सुभाष की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित करने के बाद हॉकी मैदान, जिम्नास्टिक और टेबल टेनिस की इनडोर सुविधाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने वहां मौजूद प्रशिक्षुओं और कोचों से बातचीत कर उनके प्रशिक्षण, सुविधाओं और प्रतिस्पर्धा से जुड़ी जरूरतों के बारे में फीडबैक लिया। इसके अलावा, उन्होंने तीरंदाजी मैदान और एथलेटिक्स सुविधाओं का भी दौरा किया।
मंत्री ने खेल विज्ञान विभाग का निरीक्षण करते हुए एथलीटों की कंडीशनिंग, रिकवरी और प्रदर्शन सुधारने में वैज्ञानिक समर्थन की भूमिका की समीक्षा की। इस दौरान उनके साथ साई कोलकाता के क्षेत्रीय निदेशक श्री सिबानंद मिश्रा, ओलंपियन श्रीमती सोमा बिस्वास, श्रीमती पौलमी घटक और माई भारत के क्षेत्रीय निदेशक श्री देव कुमार चटर्जी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। श्रीमती खडसे ने अच्छी कोचिंग, नियमित प्रतिस्पर्धा, पोषण और पुनर्वास सहायता के महत्व पर जोर दिया।
दौरे के दौरान मंत्री ने 300 बिस्तरों वाले नए 'खेलो इंडिया' हॉस्टल का भी निरीक्षण किया। सुविधाओं के जायजे के बाद उन्होंने साई अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक की, जिसमें एथलीट विकास, बुनियादी ढांचे और कोचिंग प्रणाली जैसे विषयों पर चर्चा हुई। उन्होंने भरोसा दिलाया कि साई जमीनी स्तर पर खेल के अवसरों को मजबूत करने और युवा एथलीटों के लिए उच्च स्तरीय प्रतियोगिताओं तक पहुंचने के बेहतर रास्ते बनाने में सहयोग करता रहेगा।
श्रीमती रक्षा खडसे ने कहा कि पश्चिम बंगाल की समृद्ध खेल संस्कृति और प्रतिभा को गुणवत्तापूर्ण बुनियादी ढांचे, वैज्ञानिक प्रशिक्षण और बेहतर कोचिंग के माध्यम से और मजबूत किया जा सकता है।
उल्लेखनीय है कि साई का यह पूर्वी क्षेत्रीय केंद्र पश्चिम बंगाल, बिहार, झारखंड, ओडिशा, त्रिपुरा और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में साई की योजनाओं के कार्यान्वयन और निगरानी के लिए एक प्रमुख हब के रूप में कार्य करता है। इस केंद्र में हॉकी, फुटबॉल, तीरंदाजी के मैदान, 400 मीटर का सिंथेटिक एथलेटिक्स ट्रैक, स्विमिंग पूल, बास्केटबॉल, वॉलीबॉल कोर्ट और एक विशेष खेल विज्ञान केंद्र मौजूद है।