उत्तर प्रदेश के पांच शहरों में 'भारत टैक्सी' सेवा शुरू, मुख्यमंत्री ने लॉन्च किया कृषक समृद्धि पोर्टल
लखनऊ, गोरखपुर, वाराणसी, कानपुर और प्रयागराज में सहकारी मॉडल पर आधारित 'भारत टैक्सी' सेवा का शुभारंभ किया गया है। इस अवसर पर 'मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना' पोर्टल और अन्य डिजिटल ऐप्स भी लॉन्च किए गए।

केंद्रीय सहकारिता राज्य मंत्री श्री मुरलीधर मोहोल ने लखनऊ में 'भारत टैक्सी' सेवा का औपचारिक शुभारंभ किया। इस सेवा की शुरुआत लखनऊ के साथ-साथ गोरखपुर, वाराणसी, कानपुर और प्रयागराज में भी की गई है। इन पांच शहरों में अब तक लगभग 40 हजार सारथियों (ड्राइवरों) का पंजीकरण हो चुका है।
कार्यक्रम के दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ ने ‘मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना’ पोर्टल का शुभारंभ किया। इसके साथ ही उत्तर प्रदेश सहकारिता विभाग द्वारा विकसित ‘उर्वरक सेतु’ मोबाइल ऐप और उत्तर प्रदेश को-ऑपरेटिव डेटाबेस सेंटर के UPCDC मोबाइल ऐप को भी लॉन्च किया गया। भारत टैक्सी के विस्तार के लिए एयरपोर्ट अथॉरिटी, लखनऊ मेट्रो रेल और लखनऊ पुलिस ने सेवा प्रदाता के साथ समझौता ज्ञापनों (MoU) पर हस्ताक्षर किए।
श्री मुरलीधर मोहोल ने बताया कि 'भारत टैक्सी' सहकारी मॉडल पर आधारित है, जिसका मूलमंत्र “Driver is the Owner” (ड्राइवर ही मालिक है) है। इस मॉडल में ड्राइवर केवल सेवा प्रदाता नहीं बल्कि सहकारी व्यवस्था का भागीदार और मालिक होता है, जिससे कमाई का अधिकतम लाभ सीधे सारथियों तक पहुंचता है। फरवरी 2026 में शुरू हुई इस पहल से छह महीनों में 10 लाख से अधिक सारथी जुड़े हैं और सारथियों के खातों में 100 करोड़ रुपये से अधिक की राशि पहुंची है। वर्तमान में यह सेवा दिल्ली, गुजरात, मुंबई, जयपुर और चंडीगढ़ में भी संचालित है।
सहकारिता क्षेत्र की अन्य उपलब्धियों पर चर्चा करते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘सहकार से समृद्धि’ विजन के तहत पिछले पांच वर्षों में सहकारिता मंत्रालय ने 160 से अधिक नई पहलें शुरू की हैं। देश भर में लगभग 3,000 करोड़ रुपये की लागत से 80 हजार प्राथमिक कृषि ऋण समितियों (PACS) के कम्प्यूटरीकरण का कार्य जारी है।
उत्तर प्रदेश के संदर्भ में श्री मोहोल ने बताया कि राज्य में एम-पैक्स सदस्यता अभियान के तहत 54 लाख से अधिक नए सदस्य जुड़े हैं, जिनमें लगभग 17.5 लाख किसान शामिल हैं। इसके अलावा, राज्य में लगभग 6,300 पैक्स का तीन चरणों में कम्प्यूटरीकरण किया जा रहा है और 750 कृषि एवं ग्रामीण सहकारी बैंक इकाइयों के डिजिटल रूपांतरण पर कार्य जारी है। उत्तर प्रदेश राज्य सहकारी बैंक आधार कार्ड जारी करने और अपडेट करने के लिए अधिकृत होने वाला देश का पहला सहकारी बैंक बन गया है।


