केन्द्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान के तहत आईआईएसी में किया वृक्षारोपण
गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर नई दिल्ली के इंडिया इंटरनेशनल आर्बिट्रेशन सेंटर में वृक्षारोपण अभियान का आयोजन किया गया, जिसमें केन्द्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने नेतृत्व किया।

विधि एवं न्याय मंत्रालय के विधि कार्य विभाग ने 'विशेष अभियान 6' और 'स्वच्छता ही सेवा (एसएचएस) 2026' के अंतर्गत 1 अक्टूबर 2026 को एक वृक्षारोपण अभियान आयोजित किया। नई दिल्ली के वसंत कुंज स्थित इंडिया इंटरनेशनल आर्बिट्रेशन सेंटर (आईआईएसी) में आयोजित यह कार्यक्रम "एक पेड़ माँ के नाम" थीम पर आधारित था। इस अभियान का नेतृत्व केन्द्रीय विधि एवं न्याय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री अर्जुन राम मेघवाल ने किया।
इस अवसर पर श्री अर्जुन राम मेघवाल के साथ विधायी विभाग और विधि कार्य विभाग के सचिव, आईआईएसी के अध्यक्ष डॉ. राजीव मणि तथा विभाग और संस्थान के वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान सभी गणमान्य व्यक्तियों ने आईआईएसी परिसर में पौधे लगाए।
उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए मंत्री श्री अर्जुन राम मेघवाल ने कहा कि सच्ची स्वच्छता मन से शुरू होती है। उन्होंने जोर देकर कहा कि स्वच्छता केवल सड़कों और सार्वजनिक स्थलों की सफाई तक सीमित नहीं है, बल्कि इसकी शुरुआत स्वच्छ मन, शुद्ध विचारों और समाज के प्रति कर्तव्य की भावना से होनी चाहिए। उन्होंने 'स्वच्छता ही सेवा' को एक जन आंदोलन बताते हुए कहा कि 2 अक्टूबर को मनाई जाने वाली महात्मा गांधी की जयंती राष्ट्र को स्वच्छता, अनुशासन और सेवा के महत्व की याद दिलाती है, जो एक आत्मनिर्भर भारत के विजन के अभिन्न अंग थे।
श्री मेघवाल ने वर्ष 1917 में महात्मा गांधी के चंपारण प्रवास का उल्लेख करते हुए बताया कि कैसे गांधी जी ने स्वच्छता प्रयासों की शुरुआत की थी, जो बाद में एक व्यापक जन आंदोलन बना और नील किसानों की समस्याओं के समाधान में सहायक रहा। उन्होंने विश्वास जताया कि सामूहिक प्रयासों से आईआईएसी वैश्विक स्तर पर एक कुशल और विश्वसनीय मध्यस्थता केंद्र के रूप में विकसित होगा, जहाँ पारदर्शिता और अनुशासन के मूल्य प्रतिबिंबित होंगे।
आईआईएसी के अध्यक्ष डॉ. राजीव मणि ने कहा कि पर्यावरण और मन की स्वच्छता एक-दूसरे के पूरक हैं। उन्होंने संस्थानों के लिए सतत प्रथाओं को अपनाने और स्वच्छ भारत मिशन में योगदान देने के दायित्व पर बात की। उन्होंने आश्वस्त किया कि आईआईएसी अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थता के लिए भारत को एक पसंदीदा स्थल बनाने के प्रति प्रतिबद्ध है।
कार्यक्रम के अंत में आईआईएसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) श्री नवीन कुमार सिंह ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया और पर्यावरणीय जिम्मेदारी के प्रति संस्थान की प्रतिबद्धता दोहराई। कार्यक्रम का समापन हरित और सतत पर्यावरण को बढ़ावा देने के संकल्प के साथ हुआ।

