खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग ने 'विशेष अभियान 6' के जरिए सुशासन और स्वच्छता पर दिया जोर
खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग ने लंबित मामलों के निपटान और कार्यालयों की सफाई के लिए विशेष अभियान 6 शुरू किया है, जिसके तहत हजारों फाइलों की समीक्षा की जा रही है।

उपभोक्ता कार्य, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय के तहत खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग (DFPD) ने अपने अधीनस्थ कार्यालयों और सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (PSUs) के साथ मिलकर 'विशेष अभियान 6' की शुरुआत की है। इस अभियान का मुख्य विषय "स्वच्छता को संस्थागत बनाना एवं लंबित मामलों को कम करना" रखा गया है।
इस अभियान का प्राथमिक उद्देश्य सफाई, रिकॉर्ड का बेहतर प्रबंधन, जन शिकायतों का समाधान और ई-कचरे सहित बेकार सामग्री के निपटान के माध्यम से कार्यालयी प्रक्रियाओं को सुव्यवस्थित करना है, ताकि नागरिक-केंद्रित और कुशल शासन को बढ़ावा दिया जा सके। अभियान के तहत विभाग और उसके कार्यालयों में सफाई के लिए कुल 949 स्थलों की पहचान की गई है। साथ ही, जगह के बेहतर उपयोग और आय बढ़ाने के लिए ई-कचरे और अन्य अनुपयोगी वस्तुओं के निपटान की प्रक्रिया भी अपनाई जा रही है।
लंबित मामलों के निपटान के लिए विभाग ने संसद सदस्यों के 13 संदर्भों, 691 जन शिकायतों, राज्य सरकारों के 5 संदर्भों और जन शिकायतों से संबंधित 17 अपीलों को त्वरित समाधान के लिए चिह्नित किया है। रिकॉर्ड प्रबंधन की दिशा में भी बड़े स्तर पर कार्य किया जा रहा है, जिसमें 31,117 भौतिक फाइलों और 13,058 ई-फाइलों की समीक्षा के लिए पहचान की गई है। इनमें से 3,875 पुरानी फाइलों की समीक्षा पूरी कर ली गई है और उन्हें हटाने के लिए चिह्नित किया गया है।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि वर्तमान में अभियान के अंतर्गत कोई भी पीएमओ (PMO) संदर्भ, अंतर-मंत्रालयीय संदर्भ या नियमों और प्रक्रियाओं में आसानी से संबंधित मामला लंबित नहीं है, हालांकि नए मामलों की निगरानी निरंतर की जा रही है। विभाग विशेष अभियान 6 के सभी लक्ष्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने और अपने सभी कार्यालयों में कार्यक्षमता और सुशासन को बेहतर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।



