रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ पारादीप तट पर 12वें राष्ट्रीय समुद्री खोज और बचाव अभ्यास (SAREX-2026) का करेंगे उद्घाटन
भारतीय तटरक्षक बल द्वारा आयोजित SAREX-2026 इस क्षेत्र के सबसे जटिल अभ्यासों में से एक होगा, जिसमें 30 देशों के अंतर्राष्ट्रीय पर्यवेक्षक हिस्सा लेंगे।

रक्षा राज्य मंत्री श्री संजय सेठ 07 अक्टूबर 2026 को भारतीय तटरक्षक बल द्वारा आयोजित 12वें राष्ट्रीय समुद्री खोज और बचाव अभ्यास (एसएआरईएक्स-2026) का उद्घाटन करेंगे। इसके साथ ही, वे 08 अक्टूबर 2026 को पारादीप तट पर खोज और बचाव (एसएआर) प्रदर्शन का अवलोकन भी करेंगे।
इस अभ्यास की एक प्रमुख विशेषता 30 देशों के 32 अंतर्राष्ट्रीय पर्यवेक्षकों की भागीदारी है, जो इसके रणनीतिक महत्व और वैश्विक अंतर-संचालनीयता को दर्शाता है। एसएआरईएक्स-2026 इस क्षेत्र के सबसे बड़े और जटिल खोज व बचाव अभ्यासों में से एक होगा। इस अभियान में भारतीय तटरक्षक बल के 15 जहाज, दो डोर्नियर विमान, तीन उन्नत हल्के हेलीकॉप्टर (एएलएच), एक चेतक हेलीकॉप्टर, भारतीय वायु सेना के सी-130जे और एमआई-17 विमान, भारतीय नौसेना के दो जलयान, नागरिक/राज्य संपत्तियां और तट-आधारित सहायता इकाइयां तैनात की जाएंगी।
इस अभ्यास के दौरान वैमानिकी और समुद्री संकट स्थितियों को सिम्युलेट किया जाएगा। इसमें 228 लोगों वाले एक यात्री विमान के समुद्र में उतरने और कंटेनर पोत 'एमवी जुम्बा' के साथ उसकी टक्कर जैसी स्थितियों पर आधारित बड़े पैमाने पर बचाव अभियान संचालित किए जाएंगे।
अभ्यास के साथ-साथ भुवनेश्वर में भारतीय तटरक्षक बल के महानिदेशक परमेश शिवमणि की अध्यक्षता में 24वीं राष्ट्रीय समुद्री खोज और बचाव (एनएमएसएआर) बोर्ड बैठक भी आयोजित होगी। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय एसएआर तैयारियों को मजबूत करना, संकट-चेतावनी प्रबंधन में सुधार लाना और विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल व प्रौद्योगिकी एकीकरण के माध्यम से बचाव कार्यों में तेजी लाना है।
यह 24वीं एनएमएसएआर बोर्ड बैठक और एसएआरईएक्स-2026, 'सागर' के दृष्टिकोण और महासागर की भावना के अनुरूप एक तीव्र, प्रौद्योगिकी-सक्षम और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जुड़े एसएआर ढांचे के निर्माण के प्रति भारत के संकल्प को प्रदर्शित करते हैं।



