भारत-आसियान द्विपक्षीय व्यापार 128.38 अरब डॉलर पहुंचा, मनीला में आयोजित आर्थिक मंत्रियों की बैठक में भारत ने लिया हिस्सा
वाणिज्य विभाग के अपर सचिव नितिन कुमार यादव के नेतृत्व में भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने मनीला में 14वें पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन और 23वें आसियान-भारत आर्थिक मंत्री परामर्श में भाग लिया।

मनीला, फिलीपींस में आयोजित 14वें पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन के आर्थिक मंत्रियों की बैठक (ईएएस-ईएमएम) और 23वें आसियान-भारत आर्थिक मंत्री परामर्श में भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने शिरकत की। इस प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व वाणिज्य विभाग के अपर सचिव श्री नितिन कुमार यादव ने किया। इन बैठकों में आसियान के सभी 11 सदस्य देशों—ब्रुनेई, कंबोडिया, इंडोनेशिया, लाओस, मलेशिया, म्यांमार, फिलीपींस, सिंगापुर, थाईलैंड, तिमोर-लेस्ते और वियतनाम के आर्थिक मंत्रियों या उनके प्रतिनिधियों ने भारत, ऑस्ट्रेलिया, चीन, जापान, न्यूजीलैंड, कोरिया, रूस और संयुक्त राज्य अमेरिका जैसे ईएएस साझेदारों के साथ भाग लिया।
बैठकों के दौरान वर्तमान क्षेत्रीय और वैश्विक आर्थिक विकास पर चर्चा हुई। आसियान सचिवालय ने वर्ष 2027 के लिए क्षेत्रीय और वैश्विक आर्थिक दृष्टिकोण प्रस्तुत किया, जिसमें व्यापार और निवेश प्रवाह पर संभावित प्रभावों की जानकारी दी गई। वहीं, आसियान और पूर्वी एशिया के लिए आर्थिक अनुसंधान संस्थान (ईआरआईए) ने "पावरिंग द ईएएस रीजनस नेक्स्ट वेव ऑफ ग्रोथ: एन इंटीग्रेटेड अप्रोच टू एनर्जी सिक्योरिटी एंड इंडस्ट्रियल क्लस्टर" शीर्षक से एक शोध पत्र पेश किया। इस पत्र में ऊर्जा सुरक्षा और औद्योगिक समूहों के लिए ऊर्जा बुनियादी ढांचे, डिजिटल और औद्योगिक मांग तथा व्यापार नीतियों के एकीकृत दृष्टिकोण की रूपरेखा दी गई।
आसियान-भारत आर्थिक मंत्री परामर्श में भारत ने मजबूत व्यापारिक साझेदारियों को बढ़ावा देने और क्षेत्रीय व्यापार समझौतों को परस्पर लाभकारी बनाने की अपनी प्रतिबद्धता जताई। इस दौरान आसियान-भारत वस्तु व्यापार समझौते (एआईटीआईजीए) की समीक्षा पर विशेष चर्चा हुई, जिसका उद्देश्य व्यापार प्रवाह को बढ़ाना और व्यापार असंतुलन को दूर करना है। भारत ने जोर दिया कि एआईटीआईजीए समीक्षा का परिणाम संतुलित, प्रभावी और यूजर-फ्रेंडली होना चाहिए ताकि व्यापार सुगम हो सके।
आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2025-26 में भारत और आसियान के बीच द्विपक्षीय व्यापार 128.38 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गया है। भारत के कुल वैश्विक व्यापार में आसियान की हिस्सेदारी 10.55 प्रतिशत रही है।
आधिकारिक बैठकों के अलावा, भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने 22 सितंबर 2026 को फिलीपींस में कार्यरत भारतीय व्यवसायों से मुलाकात की और वस्तुओं एवं सेवाओं के निर्यात में आने वाली समस्याओं पर चर्चा की। इसके साथ ही, प्रतिनिधिमंडल ने 23 सितंबर 2026 को आयोजित आसियान-भारत व्यावसायिक मंच 2026 में भी भाग लिया।
