वित्त मंत्रालय का आर्थिक कार्य विभाग चला रहा है 'विशेष अभियान 6.0', ई-कचरा प्रबंधन और लंबित मामलों के निपटान पर रहेगा जोर
आर्थिक कार्य विभाग 2 से 31 अक्टूबर, 2026 तक विशेष अभियान 6.0 का आयोजन कर रहा है, जिसका उद्देश्य सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता, अभिलेख प्रबंधन और नागरिक सेवाओं में सुधार करना है।

वित्त मंत्रालय के आर्थिक कार्य विभाग (डीईए) और उसके प्रशासनिक नियंत्रण वाले अधीनस्थ कार्यालयों एवं संगठनों द्वारा 2 से 31 अक्टूबर, 2026 तक 'विशेष अभियान 6.0' चलाया जा रहा है। यह अभियान प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (डीएआरपीजी) के सहयोग से पूरी सरकार में लागू किया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य स्वच्छता को संस्थागत बनाना, लंबित मामलों की संख्या कम करना, अभिलेख प्रबंधन (रिकॉर्ड मैनेजमेंट) में सुधार करना और सरकारी कार्यालयों में नागरिकों के अनुभव को बेहतर बनाना है।
विशेष अभियान 6.0 का एक महत्वपूर्ण लक्ष्य ई-कचरे का प्रभावी संग्रहण, पृथक्करण और वैज्ञानिक निपटान सुनिश्चित करना है। इसे ई-कचरे (प्रबंधन) नियम, 2022 के अनुरूप संचालित किया जा रहा है ताकि पर्यावरण के अनुकूल कार्यप्रणालियों को बढ़ावा दिया जा सके और कार्यालय स्थान का कुशल उपयोग हो सके। इस दौरान उन क्षेत्रीय और बाहरी कार्यालयों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है जो सीधे जनता के संपर्क में हैं और सार्वजनिक सेवाएं प्रदान करते हैं।
अभियान के तहत, आर्थिक कार्य विभाग सांसदों, राज्य सरकारों, अंतर-मंत्रालयी संदर्भों, संसदीय आश्वासनों, प्रधानमंत्री कार्यालय के संदर्भों, सार्वजनिक शिकायतों और शिकायत अपीलों से संबंधित लंबित मामलों की पहचान कर उनके निपटान की कार्रवाई कर रहा है। साथ ही, सरकारी दिशानिर्देशों के अनुसार भौतिक अभिलेखों की समीक्षा, वर्गीकरण और छंटनी के साथ-साथ ई-फाइलों को बंद करने की प्रक्रिया भी अपनाई जा रही है।
इस पहल के अंतर्गत विभाग स्वच्छता अभियान, स्थान प्रबंधन, अनुपयोगी सामग्रियों के निपटान और प्रक्रियाओं के सरलीकरण जैसे कार्यों पर ध्यान केंद्रित कर रहा है। अभियान का उद्देश्य डिजिटलीकरण, नागरिक-केंद्रित पहल और नवोन्मेषी कार्यप्रणालियों को अपनाना और उनका दस्तावेजीकरण करना भी है। विशेष अभियान 6.0 के कार्यान्वयन की निगरानी एससीडीपीएम (SCDPM) पोर्टल के माध्यम से की जा रही है और इसकी प्रगति की नियमित समीक्षा की जा रही है।


