वर्ल्डस्किल्स शंघाई 2026: भारत का अब तक का सबसे बड़ा कौशल दल वैश्विक प्रतियोगिता के लिए उतरा
टीम इंडिया के 70 युवा प्रतियोगी 63 कौशल श्रेणियों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। यह प्रतियोगिता 26 सितंबर तक चलेगी।

शंघाई में 48वीं वर्ल्डस्किल्स प्रतियोगिता का आगाज़ हो गया है, जिसमें भारत का अब तक का सबसे बड़ा दल शामिल हुआ है। टीम इंडिया के 70 युवा प्रतियोगी 63 विभिन्न कौशल श्रेणियों में वैश्विक स्तर पर मुकाबला करेंगे। यह चार दिवसीय प्रतियोगिता शंघाई वर्ल्ड एक्सपो कल्चरल सेंटर में आयोजित उद्घाटन समारोह के बाद शुरू हुई, जिसमें 65 से अधिक देशों और क्षेत्रों के लगभग 1,400 प्रतियोगी शामिल हुए।
उद्घाटन समारोह में चीन के प्रधानमंत्री ली कियांग ने औपचारिक रूप से प्रतियोगिता की शुरुआत की घोषणा की, जबकि चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने बधाई संदेश भेजा। भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय की वरिष्ठ आर्थिक सलाहकार सुश्री मनीषा सेनशर्मा और डीजीटी के महानिदेशक एवं राष्ट्रीय कौशल संस्था (एनएसओ) के सीईओ श्री दिलीप कुमार ने किया।
डीजीटी के महानिदेशक श्री दिलीप कुमार ने बताया कि टीम इंडिया के 70 उम्मीदवारों में से 14 उम्मीदवार औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) से हैं। उन्होंने कहा कि प्रतिभागी महीनों की तकनीकी तैयारी, सिमुलेशन और विशेषज्ञों की मेंटरिंग के बाद इस वैश्विक मंच पर पहुँचे हैं। वरिष्ठ आर्थिक सलाहकार सुश्री मनीषा सेनशर्मा ने कहा कि ये उम्मीदवार एक कुशल और आत्मविश्वास से भरे भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं और उनके पास दुनिया के बेहतरीन पेशेवरों से सीखने का अवसर है।
इस वर्ष भारत की भागीदारी का दायरा बढ़ा है और देश पहली बार 11 नई कौशल श्रेणियों में प्रतिस्पर्धा करेगा। इनमें डेंटल प्रोस्थेटिक्स, डिजिटल इंटरैक्टिव मीडिया डिज़ाइन, इंटेलिजेंट सिक्योरिटी टेक्नोलॉजी, लैंडस्केप गार्डनिंग, ऑप्टोइलेक्ट्रॉनिक टेक्नोलॉजी, रिटेल सेल्स, अनमैन्ड एरियल सिस्टम्स, इंडस्ट्रियल मैकेनिक्स, सॉफ्टवेयर टेस्टिंग, हेवी व्हीकल टेक्नोलॉजी और एयरक्राफ्ट मेंटेनेंस शामिल हैं।
वर्ल्डस्किल्स इंटरनेशनल द्वारा हर दो साल में आयोजित यह प्रतियोगिता वोकेशनल एजुकेशन और प्रशिक्षण के क्षेत्र में दुनिया का सबसे बड़ा अंतरराष्ट्रीय मंच है। शंघाई के नेशनल एग्जिबिशन एंड कन्वेंशन सेंटर में शुरू हुई यह प्रतियोगिता 26 सितंबर तक चलेगी और 27 सितंबर को समापन समारोह होगा। इस आयोजन में वर्ल्डस्किल्स एक्सपो और वर्ल्डस्किल्स कॉन्फ्रेंस भी शामिल हैं।
भारत इस प्रतियोगिता में वर्ल्डस्किल्स ल्योन 2024 के अपने प्रदर्शन को बेहतर करने का लक्ष्य रखेगा, जहाँ देश ने चार कांस्य पदक और 12 मेडलियन फॉर एक्सीलेंस जीते थे।

