राजस्व विभाग ने शुरू किया विशेष अभियान 6.0, लंबित मामलों के निपटान और स्वच्छता पर रहेगा जोर
वित्त मंत्रालय के राजस्व विभाग और उसके संबद्ध कार्यालय 2 से 31 अक्टूबर 2026 तक चलने वाले विशेष अभियान 6.0 में भाग ले रहे हैं, जिसका उद्देश्य प्रशासनिक दक्षता और स्वच्छता को बढ़ाना है।

वित्त मंत्रालय के राजस्व विभाग ने अपने संबद्ध, अधीनस्थ कार्यालयों और क्षेत्रीय इकाइयों के साथ मिलकर विशेष अभियान 6.0 में भाग लेने की तैयारी पूरी कर ली है। यह अभियान 2 से 31 अक्टूबर 2026 तक भारत सरकार के सभी विभागों में संचालित किया जा रहा है। प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG) के नेतृत्व में चलाए जा रहे इस अभियान का मुख्य उद्देश्य स्वच्छता को संस्थागत रूप देना और लंबित मामलों का समयबद्ध एवं प्रभावी निपटान सुनिश्चित करना है।
अभियान के तैयारी चरण की शुरुआत 17 सितंबर 2026 से हुई थी। इसके अंतर्गत राजस्व विभाग से जुड़े संगठनों, जिनमें केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT), केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड (CBIC), प्रवर्तन निदेशालय (ED) और वित्तीय आसूचना एकक (FIU-India) शामिल हैं, ने गहन समीक्षा की है। इस समीक्षा में सांसद और राज्य सरकार के संदर्भों, जन शिकायतों, कार्यालयों और सार्वजनिक स्थानों पर स्वच्छता अभियानों, डिजिटलीकरण, अनावश्यक अभिलेखों को हटाने तथा ई-कचरे और अप्रचलित वस्तुओं के निपटान की पहचान की गई है। कार्यान्वयन चरण के लिए प्रत्येक संगठन ने नोडल अधिकारी भी नियुक्त किए हैं।
विभाग भौतिक अभिलेखों की संख्या कम करने, कागज रहित कार्य वातावरण को बढ़ावा देने और नागरिक-केंद्रित सेवा वितरण के लिए प्रौद्योगिकी के उपयोग पर विशेष जोर दे रहा है।
गौरतलब है कि राजस्व विभाग ने पिछले विशेष अभियान 5.0 में भी सक्रिय भागीदारी निभाई थी। दिसंबर 2025 से अगस्त 2026 की अवधि के दौरान, विभाग ने 65 अंतर-मंत्रालयी संदर्भ, 100 से अधिक वीआईपी संदर्भ, 12,611 जन शिकायतें और 274 जन शिकायत अपीलों का निपटान किया। इसके अतिरिक्त, कचरे के निपटान के माध्यम से 5,03,500 रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ।
विशेष अभियान 6.0 के माध्यम से राजस्व विभाग स्वच्छता, ई-कचरा निपटान, स्थान प्रबंधन, पारदर्शिता और जवाबदेही के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहरा रहा है, ताकि सभी स्तरों पर प्रशासनिक दक्षता को बढ़ाया जा सके।
